कीबोर्ड में कितने प्रकार की कुंजियां होती हैं?(Keyboard me kitne kunjiya hoti hai)

Computer के कीबोर्ड में Function की उपयोगिता

Keyboard एक Type writer की तरह होता हैं। जिसमें कम्प्यूटर में सुचनाएं दर्ज कराने के लिए बटंस (Buttons) दिये गए होते हैं। जिन्हें हम “Key” कहते हैं। भौतिक रूप से कम्प्यूटर का Keyboard आयताकार होता हैं। इसमें लगभग 108 या 109 Key होती हैं। Keyboard में कई प्रकार की Keys यानी Buttons होती हैं।

जैसे- Alphabets, number, symbol, function key, arrow key और भी कई विशेष प्रकार की Keys होती हैं। हम Keyboard की संरचना के आधार पर इसकी Keys को 6 (Six) भागों में बांट सकते हैं।

1. Alpha numeric Keys

2. Numeric keys

3. Function Keys

4. Special purpose keys

5. Modifier keys

6. Cursor keys

1. Alpha numeric Keys

Alpha numeric Keys keyboard के केन्द्र में स्थित होती हैं। Alpha numeric keys में Alphabets (A to Z), Number (0 to 9), Symbol (@, #, &, *, >, <, etc) होते हैं। इस खण्ड में अंकों, चिन्हों के अतिरिक्त 4 (चार) Keys, Tab, Caps lock, Backs space, Enter, etc. कुछ और विशेष कार्यों के लिए दिये गए होते हैं।

2. Numeric keys

Numeric keypad में लगभग 17 Keys होती हैं। जिसमें (0 to 9) के अंकगणितिय कार्य करने के लिए Operations (+, -, *, /) तथा Enter key होती हैं।

Short cut key

(i) Undo, Ctrl+z

(ii) Cut, Ctrl+x

(iii) Copy, Ctrl+c

(iv) Paste, Ctrl+v

(v) Delete, Del

(vi) Find, Ctrl+f

(vii) Replace, Ctrl+h

(viii) Go-to, Ctrl+g

(ix) Select all, Ctrl+a

(x) Date and time, f5

3. Function keys

Keyboard के सबसे ऊपर संभवत: ये बारह (12) function keys होती हैं, जो (F1, F2, F3, F4…F12) तक होती है। ये Keys निर्देशों को Short cut के रूप में प्रयोग करने में सहायता करती हैं। इन Keys के कार्य Software के अनुरूप बदलते रहते हैं।

4. Special purpose key (विशेष उद्देश्य बटन)

ये बटंस कुछ विशेष कार्यों को करने के लिए प्रयोग की जाती हैं।

जैसे- Sleep, power, valium, Start, Short cut, ESC, Tab, Insert, Home, End, Delete…etc. ये Keys नये Operating system के कुछ विशेष कार्यों के अनुरूप होती हैं।

5. Modifier key

इनमें तीन Keys होती हैं। जिसके नाम Shift, Alt, Ctrl हैं। इनको अकेला दबाने पर कोई खास प्रयोग नहीं होता हैं। परन्तु जब इन्हें अन्य किसी Key के साथ प्रयोग करते हैं, तो ये उन Keys को Input के रूप में बदल देता हैं। इसलिए इन्हें Modifier keys कहा जाता हैं।

6. Cursor key

ये चार प्रकार की Keys होती हैं, जो निम्न हैं।

(i) UP

(ii) Down

(iii) Left

(iv) Right

इनका प्रयोग Cursor को Screen पर Move कराने के लिए किया जाता हैं।

Types of keyboard (कीबोर्ड के प्रकार)

1. Normal keyboard (साधारण कीबोर्ड)

2. Wireless keyboard (बिना तार वाला कीबोर्ड)

3. Ergonomic keyboard (एर्गोनोमिक कीबोर्ड)

1. Normal keyboard (साधारण कीबोर्ड)

साधारण कीबोर्ड वो कीबोर्ड होते हैं, जो सामान्य रूप से प्रयोग किये जातें हैं। जिसे User अपने कम्प्यूटर में प्रयोग करता हैं। इसका आकार आयताकार होता हैं। इसमें लगभग 108 Keys होती हैं। एवं इसे कम्प्यूटर से कनेक्ट करने के लिए एक केबल होती हैं। जिसे CPU से जोड़ा जाता हैं।

2. Wireless keyboard (बिना तार वाला कीबोर्ड)

Wireless keyboard user को कीबोर्ड में तार के प्रयोग से छुटकारा दिलाता हैं। कुछ कंपनियों ने बिना तार वाले कीबोर्ड को बाजार में प्रवेश कराया हैं। यह कीबोर्ड सिमीत दूरी तक कार्य करता हैं।

3. Ergonomic keyboard (एर्गोनोमिक कीबोर्ड)

बहुत सारी कंपनियों ने एक खास प्रकार की कीबोर्ड का निर्माण किया हैं, जो User को Typing करने में दुसरे कीबोर्ड की अपेक्षा आराम देता हैं।

Type writer

ये कीबोर्ड का मुख्य हिस्सा होता हैं। यह मुख्यत: Typing संबंधित कार्य को करने में काम आता हैं। इन्हीं Keys से हम किसी भी भाषा में Type कर सकते हैं। इसके सिर्फ हमको कम्प्यूटर में Font बदलना होता हैं।

Function key- F1 से F12 कुंजियों का क्या कार्य है?

Cursor control key

इन Keys से कम्प्यूटर के कर्सर (Cursor) को नियंत्रित किया जाता हैं। इससे आप Cursor को Left, Right, UP, Down आसानी से किया जा सकता हैं। यह कीबोर्ड पर Arrow के निशान से प्रदर्शित रहती हैं। कीबोर्ड पर Arrow key के ठीक ऊपर कुछ और Cursor control key भी मौजूद रहते हैं। जो निम्न प्रकार के होते हैं।

(i) Page up key

इसका प्रयोग Document के पिछले पृष्ठ पर जाने के लिए किया जाता हैं।

(ii) Page down key

इसका प्रयोग Page के अगले पृष्ठ पर जाने के लिए किया जाता हैं।

(iii) Home key

इसका प्रयोग Cursor को Line के शुरू में ले जाने के लिए किया जाता हैं।

(iv) End key

इसका प्रयोग Cursor को Line के अंत में ले जाने के लिए किया जाता हैं।

Numeric keypad

Keyboard के दाई ओर Numeric keypad होता हैं। जिसमें Calculator के सामान Keys होती हैं। इनमें से कुछ Keys दो काम करती हैं। Numeric Keys को दोनों कार्यों को आपस में बदलने के लिए Num lock key का प्रयोग किया जाता हैं।

उदाहरण के लिए संख्या 7 (सात) Keys home Key के रूप में तभी काम करता हैं। जब Num lock key Off होती हैं। जब Num lock key on होती हैं, तो 1,2,3…9,0 चिन्हित (Symbol) key input के रूप में, यानी Numeric key के रूप में काम करती हैं। इनमें से किसी को भी दबाने पर Screen पर Press किया हुआ Number दिखाई पड़ता हैं।

Caps lock

जब भी हम कीबोर्ड के द्वारा कुछ भी Type करते हैं, तो सामान्यतः Lower case (छोटा अक्षर) में Type होता हैं। यदि आप एक बार Caps lock key को दबा दें, तो Type किया जाने वाला अक्षर Upper case (बड़ा अक्षर) में Type होता हैं। इसे वापस Lower case में Type करने के लिए एक बार फिर Caps lock को दबाना पड़ता हैं।

Shift key

Shift key को दबाकर यदि आप कोई अक्षर को दबाएं तो Upper case में Type होता हैं। यदि Caps lock on हो, तो यह क्रिया उल्टी होती हैं। जब एक Key पर दो चिन्ह बनें हों, तो Shift key के साथ उस Key को दबाने पर ऊपर वाला चिन्ह Display पर Type होता हैं।

Ctrl or Alt key

Ctrl or Alt का प्रयोग अक्सर कोई विशेष कार्य करने के लिए अन्य किसी Key के साथ संयुक्त रूप में

किया जाता हैं।

जैसे- Ctrl and C को एक साथ Press करने से Data copy बनता हैं। और Ctrl, Alt+delete को एक साथ Press करने से मशीन स्वयं ही दुबारा चालू हो जाता हैं।

Enter key

Enter key को Return key भी कहा जाता हैं। इसका प्रयोग मुख्य रूप से दो कार्यों के लिए किया

जाता हैं।

पहला यह PC को सूचना देता हैं, कि आपने निर्देश देने का काम छोड़ दिया हैं। अतः वहा दिये गए निर्देशों को Process करें।

दुसरा MS word program का प्रयोग करते समय Enter key दबाने पर नया Paragraph शुरू हो जाता हैं। Character space

को आप Delete key दबाकर इनको मिटा सकते हैं। Delete key के द्वारा आप दाए तरफ के Character को मिटा

सकते हैं।

Tab kya hota hai

यह Cursor को एक पूर्व निर्धारित स्थान पर आगे ले जाति हैं। इसके द्वारा आप Paragraph शुरू कर सकते हैं। तथा Column, Text और संख्याओं को एक सिद्ध में लिखता हैं। कुछ Software में यह Menu में एक विकल्प से दुसरे विकल्प पर जाने में मदद करता हैं।

Back space

इस Key को दबाकर आप बाई ओर लिखें Data या अक्षर को मिटा सकते हैं। ऐसा करने पर Cursor अंत

में Type किये गए अक्षर को मिटाते हुए बाई ओर लौट जाता हैं।

Mouse

Mouse एक Input device हैं। जिसे हम Pointing device के नाम से भी जानते हैं। GUI (Graphic user interface) के प्रयोग से इसका महत्व बढ़ गया हैं। एक Mouse में दो या तीन बटन हो सकते हैं। जिन्हें हम Right button, Left button तथा मध्य (Center) button कहा जाता हैं। Mouse के नीचे एक रबर का बाल लगा होता हैं। जब किसी समतल सतह पर या Mouse paid पर Mouse को घुमाया जाता हैं। या हिलाया जाता है, तो यह रबर का बाल घुमता हैं। तथा उसकी गति और दिशा Monitor पर Mouse pointer की गति और दिशा में परिवर्तित हो जाती हैं।

ज्यादा जाने- सीपीयू क्या है कम्प्यूटर में इसकी भूमिका क्या है

Work of mouse (माऊस का कार्य)

(i) Click

Mouse के बटन को एक बार Press करके छोड़ देना Click या Single click कहलाता हैं।

(ii) Double click

Mouse के Left button को दो बार लगातार जल्दी-जल्दी Press करना Double click कहलाती हैं।

(iii) Right click

Right click mouse के दाए बटन को एक बार Press करके छोड़ देना Right click कहलाता हैं।

(iv) Scrolling

Mouse के मध्य बटन को Scrollbar के नाम से जाना जाता हैं। जिसे हम UP या Down करके Page को ऊपर या नीचे कर सकते हैं।

(v) Drag

जब Mouse के बाए बटन को दबाकर एक स्थान से दूसरे स्थान तक ले जाया जाता हैं, तो उसे Drag कहते हैं। इसका प्रयोग Icon, Symbol इत्यादि। को एक स्थान से दूसरे स्थान तक ले जाने के लिए किया जाता हैं।

(vi) Select

जब Mouse के द्वारा Click करने पर किसी Icon या अक्षर के रंग में परिवर्तित हो, तो उसे Select कहा जाता हैं।

Most important shortcut keys

Ctrl+A – पूरे पेज को एक साथ Select करने के लिए इसका प्रयोग किया जाता हैं।

Ctrl+B Text hold करने के लिए इस Key का प्रयोग किया जाता हैं।

Ctrl+C – Text data को Copy करने के लिए

Ctrl+D – Default font setting करने के लिए

Ctrl+E – Text को बीच (Center) में करने के लिए

Ctrl+F – Data को Find करने के लिए

Ctrl+G – सीधे किसी Page या Line पर पहुंचने के लिए

Ctrl+H – किसी भी शब्द को Refresh करने के लिए

Ctrl+I – Text को Italic करने के लिए

Ctrl+J – Paragraph को Justify करने के लिए

Ctrl+K – Page पर Hyperlink लगाने के लिए

Ctrl+L – Online text left करने के लिए

Ctrl+M – Indent बढ़ाने के लिए

Ctrl+N – New file open करने के लिए

Ctrl+O – File को open करके देखने के लिए

Ctrl+P – Document print करने के लिए

Ctrl+Q – Indent समाप्त करने के लिए

Ctrl+R – Text को Right करने के लिए

Ctrl+S – File को Save करने के लिए

Ctrl+T – Page पर Handing indent बढ़ाने के लिए

Ctrl+U – Under line करने के लिए

Ctrl+V – Text को Post करने के लिए

Ctrl+W – File को बंद करने के लिए

Ctrl+X – Text को Cut करने के लिए

Ctrl+Z – Undo करने के लिए

Ctrl+] – Font size बढ़ाने के लिए

Ctrl+[ – Font size घटाने के लिए

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